उत्तराखण्ड

पात्र लोगों तक समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निःशुल्क विधिक सहायता पहुंचाएं: सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण

पैनल अधिवक्ताओं की मासिक समीक्षा बैठक में लंबित वादों की प्रगति की समीक्षा, विधिक सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने पर जोर

पौड़ी। सोमवार को सिविल जज (सीनियर डिवीजन) एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव नाज़िश कलीम की अध्यक्षता में प्राधिकरण के पैनल अधिवक्ताओं की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। बैठक में पैनल अधिवक्ताओं द्वारा संचालित विभिन्न वादों की प्रगति की समीक्षा करते हुए सचिव ने निःशुल्क विधिक सहायता व्यवस्था को अधिक प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण एवं जनोन्मुखी बनाने पर जोर दिया।

सचिव ने निर्देश दिए कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की योजनाओं के अनुरूप पात्र एवं जरूरतमंद लोगों को समयबद्ध, प्रभावी और गुणवत्तापूर्ण निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि सभी पैनल अधिवक्ता अपने दायित्वों का निर्वहन पूर्ण निष्ठा, ईमानदारी एवं व्यावसायिक दक्षता के साथ करें तथा प्रत्येक लाभार्थी के विधिक अधिकारों और हितों का समुचित संरक्षण सुनिश्चित करें।

बैठक में विधिक जागरुकता कार्यक्रमों, लोक अदालतों तथा प्राधिकरण की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सक्रिय सहभागिता बढ़ाने और अधिक से अधिक पात्र व्यक्तियों तक निःशुल्क विधिक सेवाओं का लाभ पहुंचाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए।

इस अवसर पर पैनल अधिवक्ताओं ने अपने-अपने वादों की वर्तमान स्थिति से अवगत कराया। साथ ही, विधिक सहायता व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़, प्रभावी एवं जनोन्मुखी बनाने के संबंध में अपने सुझाव भी साझा किए।

Related Articles

Leave a Reply

Back to top button