उत्तराखण्ड

बार-बार आते हैं चक्कर? तो भूलकर भी न करें नजरअंदाज, हो सकता है किसी बीमारी का संकेत

अगर बैठने या लेटने के बाद अचानक खड़े होते ही आंखों के सामने अंधेरा छा जाता है, सिर घूमने लगता है या शरीर का संतुलन बिगड़ जाता है, तो इसे सामान्य कमजोरी समझकर नजरअंदाज न करें। विशेषज्ञों के अनुसार बार-बार चक्कर आना कई बार शरीर में पानी की कमी से लेकर एनीमिया, लो ब्लड प्रेशर, कान की बीमारी या गंभीर न्यूरोलॉजिकल समस्याओं का संकेत भी हो सकता है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि कभी-कभार चक्कर आना सामान्य हो सकता है, लेकिन यदि यह समस्या लगातार बनी रहे या बार-बार दोहराई जाए तो इसकी वजह जानना जरूरी है। अक्सर लोग इसे थकान, पर्याप्त नींद न लेने या कमजोरी का असर मान लेते हैं, जबकि कई मामलों में यह किसी गंभीर बीमारी की शुरुआती चेतावनी भी हो सकती है।

बार-बार चक्कर आने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन), लंबे समय तक खाली पेट रहना, लो ब्लड प्रेशर और इलेक्ट्रोलाइट्स का असंतुलन इसके सामान्य कारण हैं। खासतौर पर गर्मी और बरसात के मौसम में पसीना अधिक आने से शरीर में पानी और जरूरी मिनरल्स की कमी हो जाती है, जिससे सिर हल्का लगने और चक्कर आने की शिकायत बढ़ सकती है।

डॉक्टरों के अनुसार एनीमिया भी इस समस्या की बड़ी वजह है। शरीर में हीमोग्लोबिन कम होने पर मस्तिष्क तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती, जिससे कमजोरी, थकान, सांस फूलना और चक्कर आने जैसी दिक्कतें हो सकती हैं। महिलाओं में आयरन की कमी के कारण यह समस्या अपेक्षाकृत अधिक देखी जाती है।

इसके अलावा कान के अंदर मौजूद संतुलन नियंत्रित करने वाली प्रणाली में गड़बड़ी होने पर वर्टिगो की समस्या हो सकती है। ऐसे मरीजों को सिर घुमाने पर तेज चक्कर, मतली, उल्टी और चलने में असंतुलन महसूस हो सकता है। ऐसी स्थिति में ईएनटी विशेषज्ञ से जांच कराना जरूरी है।

विशेषज्ञ यह भी बताते हैं कि अनियंत्रित डायबिटीज, हृदय रोग, स्ट्रोक, ब्रेन ट्यूमर या अन्य न्यूरोलॉजिकल बीमारियों में भी बार-बार चक्कर आने की शिकायत हो सकती है। यदि चक्कर के साथ बोलने में कठिनाई, शरीर के किसी हिस्से में कमजोरी, सीने में दर्द, बेहोशी या दृष्टि धुंधली होने जैसे लक्षण दिखाई दें तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

नोट: यह लेख विभिन्न मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों द्वारा दी गई सामान्य जानकारी पर आधारित है। किसी भी स्वास्थ्य समस्या की स्थिति में चिकित्सक की सलाह अवश्य लें।

(साभार)

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